मेरी माँ
माँ… माँ। इस दुनिया में मुझे लाने के लिए बहुत बहुत धन्यवाद | मेरे जीवन में आपके महत्त्व को समझाना और आपको बताना मेरे लिए असंभव सा ही है| मुझे अभी भी याद है जब मैं 1 साल की उम्र में खड़े होना सीख ही रही थी की मैं तीसरे मंजिल से राजमार्ग पर गिर गई, सभी डॉक्टरों ने कहा कि हम कुछ नहीं कर सकते और हमें अफसोस है, लेकिन तब भी आपने अपनी आशा नहीं खोई और चमत्कार हुआ, जिसके कारण आज मैं जीवित हूँ। आपने मुझे रास्ता दिखाया जिसके बदौलत आज में यहाँ पर हूँ । आपने मुझे हमेशा विनम्र और दयालु रहना सिखाया। आपने मुझे सिखाया कि संवेदनशील होना ठीक है, लेकिन इससे भी ज्यादा मुझे यह सिखाया कि, चिंता न करना कि दूसरे मुझे क्या समझ रहे हैं | आपने मुझे दिखाया कि मैं कैसे एक अच्छी इंसान बनूँ| मैं बढ़ने लगी और मुझे उम्मीद थी कि एक दिन मैं आप के जैसी नहीं तो कम से कम आपके थोड़े से गुणों को अपने अंदर समां लूँ। बेहतर और मजबूत व्यक्ति बनने के लिए जब मुझे किसी की आवश्यकता होती है तो मैंने हमेशा आपको अपने पास और साथ ही पाया है| आपको हमेशा यह पता रहता है की मैं क्या सोच रही हूँ और मैं क्या करना चाहती हूँ। मुझे यह भरोसा हम...