उजमा मामले से ली जाए जरूरी शिक्षा
पाकिस्तान में बंदूक के बल पर जबरन शादी की शिकार हुई भारतीय युवती उजमा वापस घर आ गई हैं। उजमा गुरुवार को वाघा सीमा के जरिए भारत आईं। इस्लामाबाद हाईकोर्ट के फैसले के बाद उजमा की भारत वापसी का रास्ता साफ हो गया था। मगर इस पूरी कवायद में विदेश मंत्री सुषमा स्वराज की भूमिका भी कम नहीं है। पहले भी कई भारतीयों के लिए संकट मोचक बन चुकीं सुषमा ने उजमा के मामले में भी पाकिस्तान पर सख्ती की और नतीजा सामने है। विदेशों में किसी भी कारण से दिक्कतों में फंसे भारतीयों के लिए जिस तरह से मोदी सरकार आगे आती रही है, उसके लिए वह प्रशंसा की पात्र है। मोदी सरकार की यह नीति न सिर्फ भारत की साख बदलने का काम कर रही है, बल्कि भारतीयों के दिलों में सरकार के प्रति सम्मान भी बढ़ा रही है। बहरहाल, घर वापसी पर बेहद खुश उजमा ने वाघा बॉर्डर पर देश की धरती को छूकर सलाम किया। विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने भी ट्वीट कर इस बात की पुष्टि की है। सुषमा ने लिखा, उजमा, भारत की बेटी का अपने घर में स्वागत है। तुम्हें जिन तकलीफों से गुजरना पड़ा, उसके लिए मैं माफी चाहती हूं। उजमा का मामला उस समय सामने आया था, जब पति ताहिर ने ...